बीजेपी विधायक भी समझे प्रकरण की गंभीरता, परीक्षा निरस्त करने की मांग

सीएम से मिले बीजेपी विधायक, छात्रहित में स्नातक स्तरीय परीक्षा निरस्त करने की मांग

छात्रहित में सीएम ने दिया सकारात्मक कार्यवाही का भरोसा: खजान दास*

देहरादून। भाजपा विधायकों के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री धामी से मुलाकात कर छात्रहित में स्नातक स्तरीय परीक्षा निरस्त करने पर विचारा का आग्रह किया गया है। उनके द्वारा अब तक 25 हजार से अधिक नियुक्तियां और सीबीआई जांच पर मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया गया और इस प्रकरण को लेकर छात्रों की भावनाओं से अवगत कराया गया।

सचिवालय स्थित मुख्यमंत्री कार्यालय में सीएम से हुई मुलाकात का प्रतिनिधित्व करने वाले
प्रतिनिधि मंडल में खजान दास , दिलीप सिंह रावत , विनोद कंडारी, बृज भूषण गैरोला, दुर्गेश्वर लाल , सुरेश चौहान , मोहन सिंह बिष्ट , रेणु बिष्ट शामिल रहे। जिसमें उनके द्वारा पार्टी की तरफ से सौंपे ज्ञापन पत्र में, हाल में संपन्न स्नातक स्तरीय uksssc परीक्षा को छात्रहित में निरस्त करने पर विचार करने का आग्रह किया गया।

मुलाकात के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए खजान दास ने बताया कि जब पेपर लीक का मामला सामने आया तो आपने बहुत बड़ा मन करके छात्रों के बीच गए और उनकी भावनाओं के अनुशार सीबीआई जांच की घोषणा की। उस समय भी मुख्यमंत्री द्वारा विश्वास दिलाया गया था कि यदि छात्रों के भविष्य को देखते हुए आगे जो भी कदम जरूरी होंगे उन्हें उठाया जाएगा।

इस मौके पर सभी विधायकों ने एक स्वर में छात्रों को प्रदेश और देश का भविष्य बताते हुए अनुरोध किया कि हम सब की इच्छा है कि छात्रों के मन में किसी भी तरह की शंका न रहे इसलिए पूर्व में संपन्न हुई स्नातक स्तरीय परीक्षा को निरस्त किया जाए। इससे पूर्व भी परीक्षा में हुई नकल प्रकरण की जांच के लिए एसआईटी जांच की संस्तुति की गई हैं ताकि कहां गड़बड़ी हुई और कौन उसका जिम्मेदार है उन्हें सामने लाया जाए। लेकिन एक भी छात्र के मन में परीक्षा की पारदर्शिता को लेकर किसी प्रकार का संदेह न हो इसलिए मुख्यमंत्री द्वारा सीबीआई जांच की संस्तुति की गई है।